यूपी: देश में कोरोना के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। भारत में कोरोना की तीसरी लहर जारी है। कोरोना संक्रमण की रफ्तार में कभी तेजी तो कभी कमी देखी जा रही है। यूपी में लगातार बढ़ते कोरोना संक्रमण को देखते हुए शासन ने छह से 15 जनवरी तक 12वीं तक के स्कूलों को बंद कर पढ़ाई ऑनलाइन शुरू करने के आदेश दिए थे। इस दौरान केवल वैक्सीनेशन के लिए छात्रों को बुलाने का आदेश था। लेकिन आज यूपी में लगातार बढ़ते कोरोना संक्रमण को देखते हुए शासन ने सभी स्कूल-कॉलेज को 23 जनवरी तक बंद करने के आदेश जारी कर दिए हैं।
राजधानी लखनऊ में कोरोना जानलेवा भी हो गया है। तीसरी लहर के दौरान संक्रमण के सबसे ज्यादा 2769 केस शनिवार को मिले और छह महीने बाद दो मरीजों की मौत भी हुई। लखनऊ में इससे पहले चार जुलाई को कोरोना से कोई मौत हुई थी। इसके बाद से नए मामले लगातार मिल रहे थे, लेकिन कोई मौत नहीं हुई थी।
वायरस से पहली मौत लखनऊ निवासी 82 वर्षीय महिला की हुई। वह गुर्दे की गंभीर बीमारी से पीड़ित थीं। कोरोना जांच में पॉजिटिव आने पर नौ जनवरी को गुर्दे की बीमारी से पीड़ित होने से बुजुर्ग की इलाज के दौरान मौत हो गई। दूसरी मौत लिवर की समस्या से पीड़ित गोंडा निवासी 37 वर्षीय महिला की हुई। केजीएमयू के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. डी हिमांशु के अनुसार महिला इलाज के दौरान कोरोना संक्त्रस्मित भी हो चुकी थी। इलाज के दौरान शनिवार सुबह उसकी मौत हो गई। महिला पिछले एक सप्ताह से यहां भर्ती थी।