बबिता वर्मा
रायबरेली
रायबरेली: क्षेत्र के सुप्रसिद्ध बाल्हेश्वर महादेव मंदिर परिसर में तीसरे दिन भी भगवत कथा का रसपान किया गया। पं० झिलमिल जी महाराज ने भगवान विष्णु के विभिन्न अवतारों का वणर्न किया।उन्होंने कहा कि तप ही मनुष्य की समस्त इच्छाओं की पूर्ति का साधन है।राम नाम श्रवण मात्र से व्यक्ति भव सागर पार कर सुख,शांति व मोझ को प्राप्त करता है।
उन्होंने कहा कि मानव से गलतियां होना बड़ी बात नहीं लेकिन गलती होने पर उसका सुधार न करना पाप की श्रेणी में आता है।मानव जीवन की व्याख्या करते हुए कहा कि 84 लाख योनियों में भटकने के बाद मानव तन मिलता है,इसलिए मानव रूप में जन्म के बाद इसे साथर्क करने के लिए हमें परामात्मा का ख्याल रखते हुए ऐसे कार्य करने चाहिए जो परमात्मा को सुख पहुंचाते हैं।
इसका सबसे सुलभ साधन ईश्वर की आराधना व दुखियों की सेवा करना है।इस मौके पर मनोज पांडेय,सत्यम मिश्र,कीर्ति मनोहर शुक्ल,नीरज गुप्त,आत्मानंद, शिव बरन,राजकिशोर सिंह बघेल, शिव गोपाल आदि भारी संख्या में लोग मौजूद रहे।