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यूपी चुनाव 2022: असीम अरुण के भाजपा में शामिल होने पर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने असीम के साथ काम करने वाले को हटाने की मांग की

यूपी चुनाव 2022: कानपुर पुलिस कमिश्नर के पद से ऐच्छिक सेवानिवृत्ति लेने के बाद पूर्व आईपीएस असीम अरुण लखनऊ में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह की मौजूदगी में भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए। असीम अरुण के भाजपा में शामिल होने पर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि ऐसे जो भी अधिकारी पांच साल से असीम के साथ काम कर रहे हैं उन्हें हटाया जाना चाहिए। वरना चुनाव को प्रभावित करेंगे। इस संबंध में चुनाव आयोग से शिकायत की जाएगी।

अखिलेश यादव रविवार को दारा सिंह चौहान को सपा की सदस्यता दिलाने के बाद मीडिया को संबोधित कर रहे थे। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि दारा सिंह चौहन और डॉ आर के वर्मा साथ आ गए हैं। अब भाजपा की जमानत जब्त होना तय है। अब दिल्ली वाले और लखनऊ वाले एक दूसरे के इंजन के पहिए खोल रहे है। दिल्ली वालों ने उन्हें गोरखपुर भेज दिया है। भाजपा के लोग नफरत की राजनीति करते हैं। हम सामाजिक न्याय की लड़ाई लड़ रहे हैं।

सपा अध्यक्ष ने कहा कि झूठे सर्वे में वे कुछ भी दिखा सकते है जबकि हकीकत यह है कि जमीन पर भाजपा के लोग कूटे जा रहे हैं। मंत्री रहकर दारा सिंह चौहान ने काफी कुछ करने का प्रयास किया लेकिन मुख्यमंत्री को पेड़, नदी जानवर से लगाव नहीं है। अखिलेश ने कहा कि योगी को दलित-पिछड़ों से कोई लगाव नहीं है। वोट के लिए दलितों के घर खिचड़ी खा रहे हैं लेकिन अब जनता बहकावे में नहीं आएगी।

उन्होंने कहा कि सपा की सरकार आई तो तीन महीने में जाति जनगणना करवाएंगे। पिछड़े-दलितों को आबादी के हिसाब से हिस्सेदारी देंगे। पिछड़े वर्ग के उम्मीदवारों को भाजपा द्वारा टिकट देने पर उन्होंने कहा कि पहले अधिकार खत्म किए। निजीकरण खत्म करके आरक्षण खत्म कर रहे हैं। अब टिकट देने से कुछ नहीं होगा। पिछड़े वर्ग के लोग जाग गए हैं। मुख्यमंत्री खुद टिकट के लिए परेशान रहे।

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