कानपुर: उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले में कोरोना की तीसरी लहर के संक्रमण के बीच ब्लैक फंगस के संक्रमण ने चिंता बढ़ा दी है। शहर में लगातार कोरोना के नए केस मिल रहे हैं। करीब 90 मुहल्लों तक कोरोना का संक्रमण फैल चुका है। स्वास्थ्य महकमा संक्रमण को रोकने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है।
कानपुर के हैलट मे कोरोना संक्रमित ब्लैक फंगस का पहला रोगी भर्ती हुआ है। उसकी एक आंख और नाक में संक्रमण फैला हुआ है। कोरोना की तीसरी लहर में संक्रमण के साथ ब्लैक फंगस का यह पहला रोगी है। वैसे ब्लैक फंगस के इक्का-दुक्का रोगी पूरे साल अस्पताल में आया करते हैं। वर्तमान में कोरोना संक्रमित छह रोगी हैलट और दो कांशीराम में भर्ती हैं।
जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय काला ने बताया कि 45 वर्षीय रोगी कैंट क्षेत्र का रहने वाला है। उसे डायबिटीज भी है। रोगी की आंख में तकलीफ है। जांच में यह कोरोना संक्रमित मिला है। माना जा रहा है कि डायबिटीज की वजह से उसे ब्लैक फंगस जल्दी हो गया। रोगी को ब्लैक फंगस वार्ड में भर्ती करके इलाज शुरू कर दिया गया है।
कोरोना की दूसरी लहर में ब्लैक फंगस के बड़ी संख्या में पेशेंट मिले थे। इससे एक बार फिर चिंता बढ़ी हुई है। सीएम मुख्यमंत्री ने हैलट अस्पताल को ब्लैक सेंटर बनाने के निर्देश दिए थे। विशेषज्ञों की टीम ब्लैक फंगस पर रिसर्च कर रही है।