हिजाब विवाद : कर्नाटक हाईकोर्ट ने हिजाब विवाद पर अहम फैसला सुना चुका है। कोर्ट ने छात्राओं की याचिका को खारिज करते हुए कहा था कि हिजाब धर्म का अनिवार्य हिस्सा नहीं है। स्कूल- कॉलेज में छात्र यूनिफॉर्म पहनने से मना नहीं कर सकते हैं। कोर्ट ने कहा कि इस्लाम में हिजाब पहनना अनिवार्य नहीं है।
अब हिजाब विवाद एक बार फिर उस समय गरमा गया, जब यूनिवर्सिटी कॉलेज के विद्यार्थियों के एक समूह ने प्रदर्शन कर आरोप लगाया कि मुस्लिम छात्राएं कक्षा में सिर पर स्कार्फ बांधकर आ रही हैं। यूनिफार्म में प्रदर्शन कर रहे इन विद्यार्थियों ने आरोप लगाया कि 44 छात्राएं कॉलेज में हिजाब बांधकर आ रही हैं। उनमें से कुछ तो कक्षा में भी हिजाब पहन रही हैं। विद्यार्थियों ने आरोप लगाया कि एक प्रभावशाली स्थानीय नेता के दबाव के कारण कॉलेज प्राचार्य और अधिकारी इस मुद्दे से ठीक तरह नहीं निपट रहे।
उन्हें एक छात्र यूनियन नेता का भी समर्थन है। प्रदर्शनकारी छात्रों ने कहा, वे हाईकोर्ट के आदेश का पालन कराने की मांग कर रहे हैं। कॉलेज के अधिकारियों को ज्ञापन देने पर भी इसे लागू नहीं कराया गया। इसके बाद पीटीए बैठक बुलाई गई। इसमें अभिभावकों और प्रतिनिधियों ने हाईकोर्ट का आदेश लागू कराने पर जोर दिया, लेकिन उन्होंने कह दिया कि सिंडिकेट बैठक में इस पर निर्णय लिया जाएगा।
इस प्रदर्शन की सूचना मिलने पर हाईकोर्ट का आदेश लागू कर दिया गया है। कुछ शिक्षक अब भी मुस्लिम छात्राओं को हिजाब पहनकर कक्षाओं में आने के लिए कह रहे हैं। हिजाब पहने एक मुस्लिम छात्रा ने दावा किया, जो पहनना चाहें, उनके लिए सिर का स्कार्फ यूनिफॉर्म का भाग है।