उत्तर प्रदेश की महराजगंज पुलिस ने ऑनलाइन ठगी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश करते हुए दो साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, ये ठग लोगों को झांसा देने के लिए व्हाट्सएप पर आरटीओ चालान, गैस कनेक्शन की केवाईसी अपडेट, पीएम किसान योजना जैसी सरकारी स्कीमों के नाम पर फर्जी एपीके (APK) फाइल भेजते थे। जैसे ही कोई भोला-भाला इंसान इस फाइल को अपने मोबाइल में डाउनलोड करता था, वैसे ही उसके फोन का पूरा कंट्रोल और बैंकिंग डिटेल्स इन ठगों के पास पहुंच जाती थी। इसके बाद ये उनके खाते से सारा पैसा साफ कर देते थे। इस गिरोह ने महाराष्ट्र के रहने वाले बलराम राजभर नाम के एक व्यक्ति को गैस कनेक्शन अपडेट करने का झांसा देकर उनके खाते से ₹4,40,000 उड़ा लिए थे। पुलिस ने जब तकनीकी जांच और बैंक लेन-देन के रिकॉर्ड खंगाले, तो इनका सुराग मिला। पकड़े गए आरोपियों की पहचान निकेश और मिथुन के रूप में हुई है, जो महराजगंज के निचलौल इलाके के रहने वाले हैं। पुलिस ने इन दोनों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया है। इस कार्रवाई के बाद पुलिस ने आम लोगों को अलर्ट करते हुए कहा है कि किसी भी अनजान नंबर से आई फाइल को डाउनलोड न करें। ऐप हमेशा ऑफिशियल प्ले स्टोर से ही इंस्टॉल करें। अगर गलती से ऐसी कोई फाइल डाउनलोड हो भी जाए, तो तुरंत अपने फोन का इंटरनेट बंद कर दें और किसी भी साइबर धोखाधड़ी की स्थिति में फौरन हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें।
