Uttar Pradesh

यूपी: यूपी में एंबुलेंस का रिस्पॉस टाइम कम करने के लिए नई रणनीति तैयार, एंबुलेंस दिखते ही चौराहे पर बन जाएगा ग्रीन कॉरिडोर

यूपी सेवा: उत्तर प्रदेश में राज्य सरकार की ओर से एंबुलेंस सेवा निशुल्क दी जाती है। प्रदेश में 108 एंबुलेंस 2200 और 102 एंबुलेंस 2270 चल रही हैं। प्रदेश में मरीजों को कम समय में अस्पताल पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास किया जा रहा है। प्रदेश में अभी 108 एंबुलेंस का रिस्पॉस टाइम 15 मिनट और 102 के शहरी इलाके में 20 मिनट और ग्रामीण इलाके में 30 मिनट है। लेकिन विभिन्न चौराहों पर लगने वाले जाम से दोगुने से अधिक समय लग जाता है।

प्रदेश के मरीजों को कम समय में अस्पताल पहुंचाने की नई रणनीति बनाई गई है। इसके तहत चौराहे के आसपास एंबुलेंस के पहुंचते ही स्वत: ग्रीन कॉरिडोर बन जाएगा। यह संभव होगा एंबुलेंस में लगी जीपीएफ और ट्रैफिक कंट्रोल सिस्टम के समन्वय से। इसका मसौदा तैयार कर लिया गया है। जल्द ही गोरखपुर, लखनऊ, कानपुर सहित प्रमुख शहरों में लागू करने की तैयारी है। शासन की ओर से पहले से निर्धारित रिस्पॉस टाइम को कम करने का निर्देश दिया गया है। ऐसे में रिस्पॉस टाइम कम करने की रणनीति बनाई गई।

इसमें ग्रीन कॉरिडोर के समय को नजीर के तौर पर पेश किया गया। जब भी ग्रीन कॉरिडोर बनता है तो घटनास्थल से अस्पताल पहुंचने का समय आधे से भी कम हो जाता है। ऐसे में ट्रैफिक सिग्नल को एंबुलेंस से जोड़कर संचालन करने की रणनीति बनाई गई है। पहले चरण में यह व्यवस्था गोरखपुर, लखनऊ, वाराणसी, कानपुर, आगरा, प्रयागराज, बरेली, मेरठ,  मुरादाबाद, मथुरा, मेरठ, झांसी में लागू की जाएगी। इसकेबाद अन्य शहरों को इसमें शामिल किया जाएगा।

सरकार दुर्घटना होने, सर्पदंश सहित किसी भी तरह की आकस्मिक चिकित्सा के लिए 108 एंबुलेंस निशुल्क अस्पताल पहुंचाती है। जबकि गर्भवती महिलाओं एवं दो साल तक के बच्चे के लिए 102 एंबुलेंस अस्पताल पहुंचाती है और घर तक छोड़ती है। यह सुविधा भी निशुल्क है।

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